Tue. Feb 17th, 2026

BBC टाइम्स इन उज्जैन 14 जनवरी।

उज्जैन: आज मकर संक्रांति के पर्व पर सूर्य के उत्तरायण होगा। आज यह ख़ास पर्व राजाधिराज महाकाल के आंगन में भी मनाया जाने वाला है। सुबह 4 बजे भस्मारती में पुजारी भगवान महाकाल को तिल से स्नान कराकर लड्डुओं का भोग लगा चुके हैं। वैसे आपको हम यह भी बता दें कि इससे पहले बुधवार शाम गर्भगृह और नंदीहॉल को पतंगों से सजाया गया है जिसके फोटोज अब तेजी से वायरल हो रहे हैं। आज संक्रांति पर नगरवासी शिप्रा-नर्मदा के जल में आस्था की डुबकी लगाकर दान-पुण्य करने के लिए तैयार हैं। महाकाल मंदिर में आज नवीन वस्त्र व आभूषण से आकर्षक श्रृंगार किया गया है।
आज भगवान श्रीकृष्ण की शिक्षा स्थली सांदीपनि आश्रम में मकर संक्रांति पर पतंग सज्जा हो चुकी है।
सुबह 6 बजे भगवान श्रीकृष्ण, बलराम व सुदामाजी को तिल युक्त जल से स्नान करवाया गया है। इसके अलावा गुड़ तिल के लड्डुओं का भोग लगाकर आरती की गई। आज मंदिर के गर्भगृह को रंगबिरंगी पतंगों से सजाया गया है। आज राधा-रुक्मिणी संग पतंग उड़ाते गोपालजी की झांकी आकर्षण का केंद्र होने वाली है। आज त्रिवेणी संगम स्थित श्री नवग्रह शनि मंदिर में मकर संक्रांति पर सूर्य देव की सवारी निकली जाने वाली है।
इस सवारी में 51 बटुक व 11 ब्राह्मणों के साथ बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल होने वाले हैं। कहा जा रहा है इसके बाद पंडितों द्वारा सूर्य व शनि के मंत्रों से हवन किया जाएगा। वैसे हम आपको यह भी बता दें कि मकर संक्रांति पर दान का विशेष महत्व है और इस दिन तीर्थ स्नान के बाद वैदिक ब्राह्मणों को तिल गुड़ के साथ वस्त्र व दक्षिणा भेंट करना चाहिए।

error: Content is protected !!